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"वन कन्या" एक ऐसा उपन्यास है जो मनुष्य और प्रकृति के बीच के जटिल संबंधों की कहानी कहता है। यह कहानी बुलंदशहर के जंगलों में पाई गई एक बच्ची की है, जिसे जानवरों के बीच पलने पर मजबूर होना पड़ा। यह बच्ची, जिसे 'दीना शनीचर' नाम दिया गया, मानव समाज के उन पहलुओं को उजागर करती है जो अक्सर अनदेखे रह जाते हैं। लेखन में, रामवीर सिंह 'राहगीर' ने सवाल उठाया है कि इस बच्ची की स्थिति के लिए जिम्मेदार कौन है - मानव समाज या कोई और?
यह उपन्यास हमें उस जंगल में ले जाता है जहां मानव बच्चे को जानवरों के बीच पलने के लिए मजबूर होना पड़ता है। उसकी कहानी उन सभी सवालों को छूती है जो मानव समाज की जिम्मेदारियों और उसकी विफलताओं की ओर इशारा करती है। क्या यह बच्ची एक सामान्य जीवन जी सकती थी यदि मानव समाज ने उसे अपनाया होता? क्या वह अपने माता-पिता के साथ रहकर खुश होती या उसे जंगल में लौटना पड़ता? यह उपन्यास इन सवालों का जवाब देने की कोशिश करता है।
Keypoints:
- गहन सामाजिक सवाल: मानव समाज की जिम्मेदारियों और विफलताओं पर सवाल उठाने वाला एक उपन्यास।
- प्रकृति और मानवता का टकराव: जंगल और समाज के बीच की जटिलताओं का जीवंत चित्रण।
- अनूठा कथानक: एक अनूठी कहानी जो पाठकों को बांधे रखने के लिए मजबूर करती है।
- समाज की विफलताओं का पर्दाफाश: मानव समाज की बनावटी सभ्यता और प्राकृतिक स्वतंत्रता के बीच का संघर्ष।
- गहन और प्रभावशाली लेखन: रामवीर सिंह 'राहगीर' की गहन समझ और लेखन की प्रभावशाली शैली।
Bullets:
- "जंगल का सच: मानव समाज की अनदेखी कहानियां" "वन कन्या" उपन्यास उस अनदेखी हकीकत को उजागर करता है जो मानव समाज अक्सर नजरअंदाज कर देता है।
- "प्रकृति और मानवता का अद्वितीय संगम" यह उपन्यास आपको एक ऐसी दुनिया में ले जाएगा जहां प्रकृति और मानवता के बीच का संघर्ष जीवंत हो उठता है।
- "प्रकृति और मानवता का अद्वितीय संगम" यह उपन्यास आपको एक ऐसी दुनिया में ले जाएगा जहां प्रकृति और मानवता के बीच का संघर्ष जीवंत हो उठता है।
- "स्वाभाविकता और सभ्यता के बीच का संघर्ष" "वन कन्या" मानव प्रवृत्तियों और समाज की बनावटी सभ्यता के बीच का संघर्ष दर्शाता है।
- "जंगल की खोह से उठते सवाल" क्या जंगल में पलने वाली बच्ची की कहानी समाज की विफलताओं का प्रतीक है?
- "सच्ची मानवता की खोज में" यह उपन्यास आपको सोचने पर मजबूर करेगा कि क्या हम वास्तव में इंसानियत का पालन कर रहे हैं?
- "वन कन्या: मानवता की अनकही कहानियां" एक बच्ची की कहानी जो आपको मानवता के नए आयामों से रूबरू कराएगी।
- "जंगल और समाज: एक अनसुलझी पहेली" यह उपन्यास जंगल और समाज के बीच के जटिल संबंधों की कहानी कहता है।
Information
| Format | Paperback , EBook |
|---|---|
| ISBN No. | 9789363889194 |
| Publication date | 31 August 2024 |
| Publisher | Rigi Publication |
| Publication City/Country: | India |
| Language | Hindi |
| Book Pages | 158 |
| Book Size | 5.5" x 8.5" |
| Book Interior | Black & white interior with white paper (Premium Quality) |
About Author
रामवीर सिंह ‘राहगीर एक परिपक्व लेखक हैं जिनका लेखन मानव समाज की जटिलताओं और उसकी विफलताओं को गहराई से समझता है। 'वन कन्या' के माध्यम से, उन्होंने एक ऐसी कहानी पेश की है जो न केवल मनोरंजन करती है बल्कि पाठकों को सोचने पर मजबूर करती है। रामवीर सिंह 'राहगीर' ने अपनी लेखनी से पाठकों के मन में गहरे सवाल उठाए हैं, जो उन्हें समाज की जिम्मेदारियों पर पुनर्विचार करने के लिए प्रेरित करते हैं। उनकी लेखनी मानव प्रवृत्तियों, सामाजिक मान्यताओं और प्राकृतिक जीवन के जटिलताओं को सरल और प्रभावी ढंग से प्रस्तुत करती है।